Monday, 10 July 2017

सावन में शिव पूजा करते समय ध्यान रखने योग्य बातें

संदीप कुमार मिश्र: भगवान भोलेनाथ सभी देवों में सबसे सरल और सुलभ देव हैं।महादेव अपने भक्तों से बहुत ही जल्दी प्रसन्न हो जाते हैं।महादेव के प्रिय माह सावन की शुरुआत हो चुकी है। सावन का आज प्रथम सोमवार है।मंदिरों में भक्तों का शिव के जलाभिषेक के लिए जनसैलाब उमड़ पड़ता है और विधि विधान से शिव की पूजा की जाती है।
सावन में महादेव अपनी पूजा से जितना भक्तों से प्रसन्न होते हैं,उतने ही कई ऐसा काम है जिनसे भोले नाराज हो जाते है।आईए जानते है कि सावन में शिव पूजा के समय कौन कौन सी बातों का विशेष ध्यान रखना चाहिए और कौन कौन सी सावधानियां बरतनी चाहिए।
परिवार में किसी भी प्रकार का क्लेश,झगड़े न करें-
हमारे धर्म शास्त्रों में ऐसा कहा गया है कि जहां सुमति तहं सम्पति नाना,जहां कुमति तहं विपति निधाना।।कहने का मतलब है कि जहां सुमति होती है प्रेम होता है वहीं भगवान निवास करते हैं।सावन का पवित्र माह सदाशिव और गौरी के परिवार को समर्पित है। इसलिए कुटुंब में किसी भी प्रकार के कलेह से बचें।साथ ही अपने जीवन साथी को कटु वचन ना बोलें,क्योंकि ऐसा करने से शिव नाराज हो जाते है।सावन का पवित्र माह दांम्पत्य जीवन में खुशियां लाता है,प्रेम बढ़ाता है।
सावन में दूध और दूध से बनी चीजों का त्याग करें-
हिन्दू धर्म में ऐसा कहा गया है कि सावन के महिने में दूध, दही, छाछ आदि का सेवन नहीं करना चाहिए।इसके पीछे करण है कि भोलेनाथ तो भक्तों की रक्षा के लिए विषपान भी कर चुके हैं, इसलिए सावन में जो चीज आपके लिए हानिकारक है,उसे शिव पर चढ़ाया जाता है। सावन में शिव का दूध से अभिषेक करने से शिव प्रसन्न होते हैं।वहीं सावन दूध ना सेवन करने का वैज्ञानिक कारण है कि इस महीने में हमारी पाचन क्रिया बिगड़ जाती है ऐसे में तो दूध और इससे बनी कोई भी चीज वजन होने की वजह से पच नहीं पाती है। जिससे पेट संबंधी रोग होने की संभावना बढ़ जाती है।

शाकाहारी भोजन ग्रहण करें-
सावन में शाकाहार का सेवन जरुरी है.क्योंकि मांसाहार मन और चित्त को अशांत करता है,जिससे कोई भी कार्य ठीक से नहीं हो पाता।
सुबह सवेरे करें शिव की पूजा और ध्यान -
शिव की साधना और भक्ति प्रात: काल में ही करें।शिव का अभिषेक करें,ध्यान करें क्योंकि सुबह का समय किसी भी प्रकार की साधना के लिए सर्वोत्तम होता है।दिन में कोशिश करें कि ना सोएं,रात्रि में भी कम सोने का प्रयास करना चाहिए।सावन भगवान शिव का निरंतर ध्यान करना चहिए।
गरीबों की सहायता करें-
भगवान शिव अपनी साधना से तो प्रसन्न होते हैं साथ ही जो व्यक्ति गरीब, वृद्ध, दुर्बल जन का सहयोग और सेवा करता है,भोलेनाथ उससे अत्यधिक प्रसन्न होते हैं।
शिव का अभिषेक ताजा दूध से करें-

हमारे ज्योतिष शास्त्र में दूध का संबंध चंद्र ग्रह से माना गया है क्योंकि दोनों की प्रकृति शीतलता प्रदान करने वाली होती है। चंद्र ग्रह से संबंधित समस्त दोषों का निवारण करने के लिए सोमवार को महादेव पर दूध अर्पित करना चाहिए। समस्त मनोकामनाओं को पूर्ण करने के लिए शिवलिंग पर गाय का कच्चा दूध ही अर्पित करना चाहिए ना कि पैकेट वाला दूध।।ऊं नम: शिवाय।।